पटना, 20 अक्टूबर (पीबीएनएस) : समाज में स्वास्थ्य एवं षिक्षा का बहुत महत्व है। बेहतर शिक्षा व्यवस्था आवश्यक है। एआई से अगले दस वर्षों में जो परिवर्तन आने वाला है उसकी कल्पना नहीं की जा सकती। इस लिए नई तकनीक के साथ कदम ताल कर चल कर की सफलता हासिल की जा सकती है, यह समय की मांग है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!उक्त विचार राज्य के शिक्षा मंत्री श्री सुनील कुमार ने शाह अजीमाबाद वेलफेयर एजुकेशनल चैरिटेबल ट्रस्ट के तत्वाधान में अजीमाबद नवरत्न अलंकरण व सम्मान समारोह का उद्घाटन करते हुए कही। उन्होंने कहा कि एक अच्छा इंसान और अच्छा नागरिक होना आवश्यक है। उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि पूर्व राष्ट्रपति डा. ए पी जे अब्दुल कलाम भी उन ही लोगों में से एक थे जिनमें इंसानियत थी।
उन्होंने कहा कि एक समय डा. कलाम पटना आए थे उस समय मैं पटना के वरीय पुलिस अधीक्षक था। डा. कलाम ने राजभवन में तैयारियों के संबंध में मुझ से सीधे बात की और पूछा के कितने छात्र-छात्राएं आर रहे हैं, उनके सुरक्षा एवं खाने पीने की क्या व्यवस्था है तथा उनकी बसों में महिला पुलिस हैं कि नहीं। यहां तक कि उन्होंने मुझे हाल के सबसे आखरी छोर पर जाने को कहा और माइक पर पूछा के मुझ तक उनकी आवाज साफ सुनाई दे रही है या नहीं।
श्री सुनील कुमार ने कहा कि कोई भी राष्ट्रपति व्यवस्थाओं को इतनी बारीकी से नहीं देखता, लेकिन उनमी इंसानियत थी कि वे सभी की सुविधा का ध्यान रखते थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में बिहार में शिक्षा के क्षेत्र में काफी काम हुए हैं। नीतीश कुमार ने बिहार की तकदरी भी बदली और तस्वीर भी बदली। कभी राज्य के कुल बजट 10 हजार करोड़ हुआ करता था। आज केवल षिक्षा का बजट 52 हजार करोड़ है। राज्य के 75 हजार स्कूलों में एक करोड़ 10 लाख छात्रों को मिड डे मील उपलब्ध कराया जा रहा है।
शिक्षा मंत्री ने कहा कि सरकार की ओर से सभी लोगों को नौकरी देना संभव नहीं है। अतः लोग स्टार्टअप एवं अन्य माध्यम पर विचार करें और नौकरी पाने की बजाय नौकरी देने वाले बने। बिहार स्टेट शिया वक्फ बोर्ड के पूर्व अध्यक्ष इरशाद अली ने कहा कि ट्रस्ट की ओर से सभी समुदाय के लोगों के उत्थान के लिए कार्य किए जा रहे हैं विषेश रूप लोगों को स्वरोजगार से जोड़ा जा रहा है। मुख्य अतिथि के रूप में बिहार राज्य बाल अधिकार संरक्षण के अध्य़क्ष डा. अमरदीप, नालंदा विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. संजय कुमार उपस्थित थे।
शाह अजीमाबाद वेलफेयर एजुकेशनल चैरिटेबल ट्रस्ट के संरक्षक अवधेश कुमार सिंह और सचिव मो. यूनुस ने बताया कि इस समारोह में अजीमाबाद पटना की धरती पर विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाले 60 से अधिक नामचीन लोगों को सम्मानित किया गया। उनमें शिक्षा, चिकित्सा, समाज सेवा, अधिवक्ता, अभियंता, पत्रकारिता, व्यावसाय आदि शामिल हैं। उन्होंने कहा के ट्रस्ट द्वारा इस साल बोर्ड इंटर में टॉप करने वाले छात्र-छात्रों को प्रशस्ति पत्र सम्मान भी अतिथियों द्वारा दिया गया तथा शान-ए-अजीम नाम की पत्रिका का भी विमोचन किया गया।

