राजनयिक अभियान ‘ऑपरेशन सिंदूर’: भारत के आतंकवाद रुख को लेकर विश्व समर्थन

राजनयिक अभियान ‘ऑपरेशन सिंदूर’: भारत के आतंकवाद रुख को लेकर विश्व समर्थन


✈️ विस्तृत यात्रा और उच्च स्तरीय बैठकें

बैजयंत पांडा के नेतृत्व में एक सर्वदलीय संसदीय प्रतिनिधिमंडल ने मध्य-पूर्व तथा उत्तरी अफ्रीका के चार देशों—सऊदी अरब, कुवैत, बहरीन और अल्जीरिया—का दौरा किया। इस प्रतिनिधिमंडल में AIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी, गुलाम नबी आजाद, निशिकांत दुबे, रेखा शर्मा, सतनाम सिंह संधू और राजदूत हरिश्चंद्र शृंगला जैसे प्रतिनिधि शामिल थे ।

देश लौटने पर विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मुलाकात हुई, जिसमें प्रतिनिधिमंडल ने अपनी गतिविधियों व प्राप्त प्रतिक्रिया की जानकारी दी ।


🧭 आतंकवाद विरोधी भारत का संदेश: “जीरो टॉलरेंस”

हर मुलक में प्रतिनिधिमंडल ने भारत की “जीरो टॉलरेंस” नीति और “न्यू नॉर्मल” दृष्टिकोण को स्पष्ट रूप से रखा। इसमें विशेष रूप से 22 अप्रैल को पहलगाम में हुए आतंकी हमले के जवाब में भारत की निर्धारित, उचित और गैर-प्रणालिक प्रतिक्रिया पर प्रकाश डाला गया।

अल्जीरिया में भारत को पाकिस्तान का “आतंकवाद का epicentre” कहा गया, जहां प्रतिनिधिमंडल ने पाकिस्तानी झूठ फैलाने की प्रवृत्तियों को बेनकाब किया और वैश्विक मंच पर इसका खंडन किया ।


🤝 सहयोगी देशों का ट्विटर समर्थन (हिंदी रूप में)

  • कुवैत: कुवैत के उप प्रधानमंत्री ने कहा कि आतंकवाद की कोई जगह नहीं होनी चाहिए, और उन्होंने भारत का आतंकवाद विरोधी दृष्टिकोण बधाई संग स्वीकार किया ।
  • बहरीन: बहरीन ने भारत को समर्थन देते हुए सीमा पार आतंकवाद पर कड़ी कार्रवाई की आवश्यकता जताई और भारत के रुख की सराहना की ।
  • अल्जीरिया: वहाँ सांसदों और थिंक‑टैंकों ने समर्थन जताया, पाकिस्तान की निंदा की और भारत की नीति को तरजीह दी; प्रतिनिधिमंडल को सकारात्मक प्रतिक्रिया मिली ।

💬 प्रतिनिधिमंडल का अनुभव और प्रतिक्रिया

राज्यसभा सांसद सतनाम सिंह संधू ने बताया कि उन्होंने पाकिस्तान के ड्रग-आधारित आतंकबाज नेटवर्क, ISI की भूमिका और प्रचार मिशनों को तथ्य‑आधारित उदाहरणों के साथ उजागर किया; हर मुल्क में भारत का रुख स्पष्ट स्वीकारा गया ।

AIIMIM प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी से बहरीन में जोरदार बयान आए, जिसमें उन्होंने पाकिस्तान द्वारा धर्म का दुरुपयोग कर आतंकवाद को वैध ठहराने का आरोप लगाया और कहा:

“End terror justifications, dismantle networks, take responsibility”


📌 प्रतिनिधिमंडल की प्रमुख उपलब्धियां

उपलब्धिविवरण
मजबूत समर्थनकुवैत, बहरीन, अल्जीरिया में नीति स्ट्रांगली स्वीकार की गयी
पाक को बेनकाब कियाआतंकवादी गतिविधियों, ISI‑drugs‑terror nexus को सार्वजनिक किया
Operation Sindoor को विश्व मंचभारत की रणनीतिक नीति को विश्व स्तर पर मजबूती से प्रचारित किया

✍️ निष्कर्ष

यह सभी चार देशों का दौरा एक रणनीतिक कूटनीतिक सफलता रहा। भारत ने “ऑपरेशन सिंदूर” के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्पष्ट संदेश दिया कि वह आतंकवाद के हर रूप के खिलाफ कड़ा रुख अपनाएगा। इस अभियान का प्रभाव यह रहा कि Muslim बहुल देशों ने भी भारत के रुख का समर्थन किया, जिससे पाकिस्तान के प्रचार सामग्री को वैश्विक रूप से खारिज किया गया।