आदेश का सार
अप्रवासन और राष्ट्र‑सुरक्षा को मध्य नजर रखते हुए राष्ट्रपति ट्रंप ने प्रोक्लेमेशन 10949 पर हस्ताक्षर करते हुए 12 देशों के नागरिकों के अमेरिका प्रवेश को पूरी तरह से प्रतिबंधित कर दिया है। साथ ही, सात अन्य देशों पर आंशिक प्रतिबंध लागू किए गए हैं। यह निर्णय 4 जून को जारी किया गया और अगले ही दिन से प्रभावी हो गया।
पूरी तरह प्रतिबंधित देशों की सूची
निम्नलिखित देशों के नागरिकों को अमेरिका में किसी भी प्रकार का प्रवेश—चाहे वह आव्रजन (immigrant) हो या गैर‑आव्रजन (non‑immigrant)—पूरी तरह निषिद्ध रहेगा:
- अफ़ग़ानिस्तान
- बर्मा (म्यांमार)
- चाड
- कांगो गणराज्य
- इक्वेटोरियल गिनी
- इरिट्रिया
- हैती
- ईरान
- लीबिया
- सोमालिया
- सूडान
- यमन
आंशिक रूप से प्रतिबंधित देशों की सूची
निम्नलिखित देशों के नागरिकों पर विशेष श्रेणी की गैर‑आव्रजन वीज़ा (जैसे B‑1, B‑2, F, M, J) और आव्रजन वीज़ा दोनों पर सीमित प्रतिबंध लागू होंगे:
- बरुंडी
- क्यूबा
- लाओस
- सिएरा लियोन
- टोगो
- तुर्कमेनीस्तान
- वेनेज़ुएला
छूट और अपवाद
कुछ विशेष परिस्थितियों में यह प्रतिबंध लागू नहीं होगा, जैसे कि—
- पहले से वैध वीज़धारी या हरित कार्डधारक (Permanent Resident)
- राजनयिक या सरकारी वीज़धारी
- अफ़ग़ान विशेष आव्रजन वीज़ (Special Immigrant Visas)
- द्वैध नागरिक जो गैर‑प्रतिबंधित पासपोर्ट से यात्रा कर रहे हों
- प्रमुख खेल आयोजनों (जैसे 2026 फ़ीफ़ा विश्व कप या 2028 ओलंपिक) में भाग लेने वाले खिलाड़ी, अधिकारी या परिवार
प्रतिक्रिया और प्रभाव
- ट्रंप प्रशासन ने इसे राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए आवश्यक कदम बताया, विशेषकर हालिया कोलोराडो में हुए आगजनी हमले को ध्यान में रखते हुए। हालांकि उस हमले के आरोपी का संबंध प्रतिबंधित देशों से नहीं था।
- आलोचकों ने इसे “भेदभावपूर्ण, असंवेदनशील और मानवीय संकट की अवहेलना” करार दिया है, तथा अमेरिकी अर्थव्यवस्था और सामुदायिक मूल्यों पर इसके दीर्घकालिक प्रभाव पर चिंता जताई।
- अफ्रीकी यूनियन जैसे अंतरराष्ट्रीय संस्थानों ने इसे और व्यापक विमर्श और सहयोगात्मक दृष्टिकोण अपनाने की मांग की है।
- खेल जगत के लिए राहत की खबर: LA28 (लॉस एंजेल्स) ओलंपिक आयोजकों ने पुष्टि की कि खेल प्रतिभागियों को विशेष छूट मिलेगी, जिससे ओलंपिक आयोजन पर प्रभाव नहीं पड़ेगा।
निष्कर्ष
उल्लेखित यात्रा प्रतिबंध एक निर्णायक और विवादित सुरक्षा नीति का हिस्सा है, जो अमेरिका की सीमाओं और प्रवास नीति को फिर से परिभाषित कर रहा है। इसके प्रभाव में दीर्घकालिक राजनीतिक, आर्थिक और मानवीय सवाल जुड़े हैं—जो अब विचार और आलोचना का विषय बन रहे हैं।

