ईवीएम छेड़छाड़ जांच मतदान केंद्र
मतदान केंद्र पर ईवीएम की जांच करते अधिकारी

ईवीएम छेड़छाड़ पर EC का सख्त रुख, बटन पर गोंद या इत्र लगाने वालों पर होगी कार्रवाई


चुनाव आयोग ने ईवीएम छेड़छाड़ को लेकर सख्त चेतावनी जारी की है। हाल ही में कुछ मामलों में यह सामने आया कि मतदान के दौरान ईवीएम के बटन पर इत्र, गोंद या अन्य पदार्थ लगाया जा रहा है। आयोग ने साफ कहा है कि यह पूरी तरह गैरकानूनी है और इसे चुनावी अपराध माना जाएगा।

अधिकारियों के अनुसार, ईवीएम छेड़छाड़ से वोट की गोपनीयता प्रभावित होती है। इससे यह पता लगाने की कोशिश की जाती है कि वोट किस उम्मीदवार को गया। यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया के खिलाफ है। इसलिए ऐसे किसी भी प्रयास पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।

चुनाव आयोग ने सभी पीठासीन अधिकारियों को निर्देश दिया है कि मतदान से पहले और दौरान ईवीएम की जांच करें। हर बटन साफ और सुरक्षित होना चाहिए। अगर कहीं भी कोई गड़बड़ी मिलती है, तो तुरंत उच्च अधिकारियों को सूचित किया जाएगा।

आयोग ने यह भी स्पष्ट किया है कि ईवीएम छेड़छाड़ के मामलों में जरूरत पड़ने पर री-पोल कराया जा सकता है। दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई भी होगी।

FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

Q1. ईवीएम छेड़छाड़ क्या होती है?
ईवीएम के साथ किसी भी तरह का हस्तक्षेप करना छेड़छाड़ कहलाता है।

Q2. क्या बटन पर इत्र या गोंद लगाना अपराध है?
हाँ, यह चुनावी अपराध है और इसके लिए कार्रवाई हो सकती है।

Q3. शिकायत कहां करें?
मतदान केंद्र पर मौजूद अधिकारी को तुरंत सूचना दें।

Dheeraj Kumar | Akhbaar Ekta