लखनऊ में ब्रह्मोस मिसाइल उत्पादन केंद्र का उद्घाटन: रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम

लखनऊ में ब्रह्मोस मिसाइल उत्पादन केंद्र का उद्घाटन: रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम


भारत और पाकिस्तान के बीच बढ़ते सैन्य तनाव के बीच, उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 11 मई 2025 को एक ऐतिहासिक घटना घटी। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से लखनऊ में ब्रह्मोस सुपरसोनिक क्रूज मिसाइल उत्पादन केंद्र का उद्घाटन किया। इस अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी उपस्थित रहे।


🛡️ ब्रह्मोस उत्पादन केंद्र की विशेषताएँ

  • स्थान और भूमि: यह केंद्र लखनऊ के भटगांव, सरोजनीनगर क्षेत्र में स्थित है, जहां 80 हेक्टेयर भूमि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा निःशुल्क प्रदान की गई थी।
  • निवेश और निर्माण: केंद्र का निर्माण ₹300 करोड़ की लागत से किया गया है और इसे तीन साल छह महीने में पूरा किया गया।
  • उत्पादन क्षमता: यह केंद्र प्रतिवर्ष 80 से 100 ब्रह्मोस मिसाइलों का उत्पादन करेगा।
  • नई पीढ़ी की ब्रह्मोस मिसाइल: भविष्य में, यह केंद्र हल्की और उन्नत ब्रह्मोस मिसाइलों का उत्पादन करेगा, जो लैंड, एयर और सी प्लेटफॉर्म से लॉन्च की जा सकेंगी। इन मिसाइलों का वजन लगभग 1,290 किलोग्राम होगा, जबकि वर्तमान ब्रह्मोस मिसाइल का वजन लगभग 2,900 किलोग्राम है।

🇮🇳 आत्मनिर्भर भारत की दिशा में कदम

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने उद्घाटन समारोह में कहा, “ब्रह्मोस सिर्फ एक मिसाइल नहीं है, बल्कि यह भारत की सैन्य शक्ति का प्रतीक है। यह हमारे सशस्त्र बलों की ताकत, शत्रु के प्रति हमारी निवारक क्षमता और हमारी सीमाओं की सुरक्षा के प्रति हमारी प्रतिबद्धता का संदेश है।”

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस परियोजना को आत्मनिर्भर भारत की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया और कहा कि इससे न केवल रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता बढ़ेगी, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे।


🏭 डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर की भूमिका

यह उत्पादन केंद्र उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के लखनऊ नोड का हिस्सा है, जिसे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 2018 में घोषित किया था। इस कॉरिडोर में छह नोड्स हैं: लखनऊ, कानपुर, अलीगढ़, आगरा, झांसी और चित्रकूट। इस पहल के तहत राज्य में रक्षा उत्पादन क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए निवेश आकर्षित किया जा रहा है।


💼 रोजगार और औद्योगिक विकास

इस परियोजना से उत्तर प्रदेश में रक्षा उत्पादन क्षेत्र को बढ़ावा मिलेगा और स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर उत्पन्न होंगे। लखनऊ में ब्रह्मोस उत्पादन केंद्र के उद्घाटन के साथ ही राज्य सरकार ने अन्य रक्षा परियोजनाओं की भी योजना बनाई है, जैसे कि ड्रोन निर्माण केंद्र अलीगढ़ में और रडार उत्पादन केंद्र कानपुर में।


लखनऊ में ब्रह्मोस मिसाइल उत्पादन केंद्र का उद्घाटन भारत की रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यह परियोजना न केवल राज्य की औद्योगिक क्षमता को बढ़ावा देगी, बल्कि राष्ट्रीय सुरक्षा को भी मजबूत करेगी।