पुलिस ने प्रथम पक्ष की तहरीर पर 12 आरोपियों के खिलाफ जानलेवा हमला, आगजनी सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है। दूसरे पक्ष के आरोप पर सात नामजद के अलावा दो अज्ञात के खिलाफ मारपीट, जान से मारने की धमकी का केस दर्ज किया है।
Thank you for reading this post, don't forget to subscribe!गांव निवासी रामजीत राजभर प्रथम पक्ष का आरोप था कि 18 अक्तूबर की शाम उनका भांजा कार्तिक राजभर बाइक से घर आ रहा था। रंजिश को लेकर पड़ोसी प्रदीप राजभर उसे रास्ते में रोक कर धमकी देने लगे।
इसके घंटे बाद अचानक प्रदीप परमिंदर, मुरली राजभर, बसंतलाल, इंद्रजीत, अजय, विरेन्द्र, प्रेम चंद, चंद्रभान, सरोज और ठाकुर राजभर लाठी- डंडे और लोहे का रॉड लेकर उसके घर पहुंच कर गाली गलौज करने लगे।
मना करने पर रामजीत राजभर, विनोद, सरोजा देवी, काजल, अमरीता और इंद्रकला को पीटने लगे। सरोजा देवी के सिर में गंभीर चोट आने से वह बेहोश हो गई।
वहीं दूसरे पक्ष के मुरली राजभर का आरोप था कि घूर गड्ढे की भूमि को लेकर दोनों पक्षों में कहासुनी हो रही थी। तभी विपक्ष के विनोद राजभर, गुड्डू, बिंदे, उत्तम, कार्तिक, निर्मला और इंद्रकला देवी के अलावा दो अज्ञात लोगों ने लाठी- डंडे से हमला कर दिया।
मारपीट में सुधा देवी, कलावती, प्रेमा और मीरा देवी घायल हो गई। थानाध्यक्ष दिव्य प्रकाश सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों से 19 नामजद के अलावा दो अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।

